अब विमोचन होगा
महीने की बीस तारीख को विमोचन होगा 'आयेंगे किसी विश्वविद्यालय के बड़े कवि- आलोचक, पत्रिका के प्रधान सम्पादक, अंग्रेजी अखबार के चीफ एडिटर, लोकसभा के बड़े नेता' यह खबर वर्ष के साठ दिन फेसबुक, इंस्ट्राग्राम,ह्वाट्सअप न्यूज़ पोर्टलों में फैलाई गयी। कॉलेजों और विश्वविद्यालय के मुख्य सूचना पट पर आकर्षक ,सचित्र पोस्टर चिपकाये गये तयसुदा तिथि पर हॉल में चार सौ कुर्सियां सुसज्जित की गयीं मंच सजाया गया होर्डिंग और कैमरे लगवाये गये माइक ठीक किया गया 1440 घंटों के प्रचार प्रसार में आये मुख्य अतिथि, उनके चार चहेते,दो सुरक्षा कर्मी तीन मित्र संचालक,लेखक , अन्य गणमान्य अतिथि और कार्यक्रम में उपस्थित हुए कुल जमा चालीस लोग थोड़ी देर सन्नाटा पसरा फिर .... घड़ी ने सूचना दी लेखक ने आंख मारी संचालक ने कहा- अब विमोचन होगा। © सुशील द्विवेदी